भारत बनाम वेस्टइंडीज टेस्ट में खाली स्टेडियम: क्या टेस्ट क्रिकेट संकट में है?

Arjit pic - Friday, Oct 03, 2025
Last Updated on Oct 03, 2025 05:36 PM
भारत बनाम वेस्टइंडीज टेस्ट में खाली स्टेडियम: क्या टेस्ट क्रिकेट संकट में है?

अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में चल रहे भारत बनाम वेस्टइंडीज टेस्ट मैच ने एक बार फिर टेस्ट क्रिकेट की लोकप्रियता को लेकर बहस छेड़ दी है। यह मैच भले ही हाई-प्रोफाइल रहा हो, लेकिन शुरुआती दिनों में स्टेडियम की खाली सीटें इस फॉर्मेट के भविष्य पर सवाल खड़े कर रही हैं।

2 अक्टूबर जैसे राष्ट्रीय अवकाश के दिन भी स्टेडियम में दर्शकों की संख्या बेहद कम रही, जो दर्शाता है कि टेस्ट क्रिकेट अब पहले जैसा आकर्षण नहीं रखता।

विराट कोहली के संन्यास के बाद टेस्ट मैचों में दर्शकों की गिरती संख्या

सोशल मीडिया पर क्रिकेट प्रेमियों ने विराट कोहली की अनुपस्थिति को दर्शकों की कमी का एक बड़ा कारण बताया। मई 2025 में टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने वाले कोहली को हमेशा से भारत के सबसे बड़े भीड़ खींचने वाले खिलाड़ी माना जाता रहा है। उनके जाने के बाद टेस्ट मैचों में वह चमक नहीं रही जो दर्शकों को स्टेडियम तक खींच लाती थी।

नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खाली सीटें: क्या टेस्ट क्रिकेट अपना आकर्षण खो रहा है?

बीसीसीआई को अब इस बात की चिंता सताने लगी है कि रोहित शर्मा और विराट कोहली जैसे स्टार खिलाड़ियों के संन्यास के बाद दर्शकों को कैसे स्टेडियम तक लाया जाए। अहमदाबाद जैसे बड़े शहर में भी खाली सीटें यह संकेत देती हैं कि टेस्ट क्रिकेट को नए चेहरे और नई रणनीति की ज़रूरत है।

गांधी जयंती पर भी नहीं पहुंचे दर्शक: टेस्ट क्रिकेट की लोकप्रियता में गिरावट

गांधी जयंती और दशहरा जैसे अवकाश के दिन भी दर्शकों की संख्या में कोई खास बढ़ोतरी नहीं हुई। यह दर्शाता है कि अब दर्शक टेस्ट क्रिकेट को उतनी प्राथमिकता नहीं दे रहे, जितनी पहले दी जाती थी। यह बदलाव बीसीसीआई के लिए एक चेतावनी है।

बीसीसीआई के सामने चुनौती: टेस्ट क्रिकेट में दर्शकों को कैसे लौटाया जाए?

विराट कोहली ने 2019 में सुझाव दिया था कि भारत में सिर्फ पाँच टेस्ट सेंटर होने चाहिए ताकि दर्शकों को बेहतर अनुभव मिल सके और टीमों को स्थिरता मिले। अब जबकि दर्शकों की संख्या लगातार घट रही है, बीसीसीआई को कोहली के सुझावों पर फिर से विचार करना पड़ सकता है।