एशियन पैरा गेम्स 2026 एशियन पैरा गेम्स में भारत ने अब तक का अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए कुल 114 पदक जीते। इस शानदार उपलब्धि में भारत के सबसे सफल पैरा-जैवलिन थ्रोअर, सुमित अंतिल का अहम योगदान रहा। दो बार के पैरालंपिक स्वर्ण पदक विजेता सुमित अंतिल एक बार फिर एशियन पैरा गेम्स के चैंपियन बनकर उभरे हैं।
पुरुषों की जैवलिन थ्रो (F42–F44/F61–F64 कैटेगरी) स्पर्धा में, सुमित ने 72.46 मीटर की दूरी तक भाला फेंककर स्वर्ण पदक जीता। उनके साथ भारत के ही महेंद्र गुर्जर और संदीप सरगर भी पोडियम तक पहुंचे, जिससे भारत ने इस स्पर्धा के सभी पदक अपने नाम कर लिए।
जापान के आइची-नागोया में चल रहे एशियन पैरा गेम्स के छठे दिन, 23 अक्टूबर को पुरुषों की जैवलिन थ्रो स्पर्धाएं आयोजित हुईं। सबकी नज़रें मुख्य रूप से F42–F44/F61–F64 कैटेगरी पर टिकी थीं, क्योंकि इसमें भारत के तीन खिलाड़ी हिस्सा ले रहे थे।
इनमें सबसे प्रमुख नाम सुमित अंतिल का था, जिनका इस कैटेगरी में विश्व स्तर पर दबदबा कायम है। पिछले दो पैरालंपिक खेलों और पिछले एशियन पैरा गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने के बाद, सुमित से एक बार फिर शानदार प्रदर्शन की उम्मीद थी, और उन्होंने किसी को निराश नहीं किया।
🚨 WATCH 🎦: HUMONGOUS GOLD MEDAL THROW 🤯🤯 BY OUR JAVELIN SUPERSTAR, LEGENDARY, MULTIPLE TIMES PARALYMPICS & WORLD CHAMPION, WR HOLDER - SUMIT ANTIL 🤩🤩🤩 72.46m throw !! Look at the CELEBRATIONS post the throw and then the laugh - All Easy for the Legend, the TRUE KING - INDIA'S SPORTING ICON 🎦 Courtesy: Prasar Bharti YT
— SPORTS ARENA🇮🇳 (@SportsArena1234) October 23, 2026
हरियाणा के सोनीपत के रहने वाले सुमित अंतिल ने अपने दूसरे प्रयास में 72.46 मीटर की दूरी तक भाला फेंका। यह उनका अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन (पर्सनल बेस्ट) रहा, जिसने उन्हें स्वर्ण पदक दिलाया। उनका पहला थ्रो भी 70.16 मीटर का था, जो स्वर्ण पदक जीतने के लिए काफी था।
कभी पहलवान बनने का सपना देखने वाले सुमित को 2015 में एक बड़ा झटका लगा, जब 17 साल की उम्र में एक सड़क दुर्घटना के कारण उन्हें अपना एक पैर गंवाना पड़ा। इसके बाद उन्होंने पैरा-जैवलिन (भाला फेंक) की ओर रुख किया, और 2021 से वे इस खेल में लगातार हर बड़े अंतरराष्ट्रीय स्वर्ण पदक को जीतते आ रहे हैं—कई बार तो उन्होंने एक ही प्रतियोगिता में एक से ज़्यादा स्वर्ण पदक जीते हैं।
सिर्फ सुमित अंतिल ही नहीं, बल्कि उनके साथी भारतीय खिलाड़ियों महेंद्र गुर्जर और संदीप सरगर ने भी पदक जीते, जिससे इस इवेंट में भारत का दबदबा कायम रहा। राजस्थान के सखून के रहने वाले महेंद्र गुर्जर, जिनका पोलियो के कारण एक पैर छोटा है, ने रजत पदक (सिल्वर मेडल) जीता।
F42 कैटेगरी में हिस्सा लेते हुए, उन्होंने 59.03 मीटर दूर भाला फेंककर दूसरा स्थान हासिल किया और 1066 अंक प्राप्त किए। वहीं, F44 कैटेगरी में हिस्सा लेने वाले संदीप सरगर ने 64.48 मीटर की दूरी तय की; 1006 अंकों के साथ वे तीसरे स्थान पर रहे और कांस्य पदक (ब्रॉन्ज मेडल) जीता। संदीप, जिनका चार साल की उम्र में एक ट्रक की चपेट में आने के कारण पैर कट गया था, ने भारत के लिए इस शानदार जीत (क्लीन स्वीप) को पूरा करने में मदद की।
यह भी पढ़ें: प्रतिका ने ठोका जोरदार शतक, चरणी ने चटकाए 4 विकेट, भारत की जोरदार जीत
ताज़ा हिंदी समाचार
Mohammad Shams Alam कौन है? उन पर एशियन पैरा गेम्स में एक महिला के साथ छेड़छाड़ करने का आरोप है
LA 2028 ओलंपिक क्वालिफायर के संबंध में प्रमुख अपडेट सामने आया
प्रतिका ने ठोका जोरदार शतक, चरणी ने चटकाए 4 विकेट, भारत की जोरदार जीत
टीम इंडिया स्क्वॉड अपडेट: दूसरे T20 मैच से पहले कुमार कुशाग्र को शामिल किया गया
Sanju Samson Statement: मैं किसी को गलत साबित करने के लिए नहीं खेलता - संजू सैमसन का बड़ा बयान
भारतीय क्रिकेटर सब्भिनेनी मेघना ने सभी प्रारूपों से संन्यास की घोषणा की है।
परविंदर अवाना को BCCI की जूनियर चयन समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया
IND vs NZ दूसरा T20I: तारीख, समय, स्थान और IST शेड्यूल का विवरण
विराट कोहली की सबसे बेहतरीन T20I पारी: भारत बनाम पाकिस्तान 2022 मैच का रीकैप
अमित मिश्रा का बड़ा खुलासा: विराट कोहली ने टीम इंडिया में वापसी का वादा कर नहीं दिया जवाब

